रजनीकांत अवस्थी
महराजगंज/रायबरेली:  कोतवाली क्षेत्र के ठाकुरपुर गांव में एक दर्दनाक हादसे में निर्माणाधीन पानी की टंकी एक मासूम की मौत का कारण बन गई। बीते साढ़े तीन वर्षों से अधूरी पड़ी टंकी की सीढ़ियों पर खेलते समय लगभग 12 वर्षीय किशोर अचानक नीचे गिर गया, जिससे उसकी गंभीर चोटों के कारण इलाज के दौरान मृत्यु हो गई।
      आपको बता दें कि, प्राप्त जानकारी के अनुसार, रविवार शाम लगभग 6 बजे गांव के कुछ बच्चे खेलते-खेलते निर्माणाधीन पानी की टंकी पर चढ़ गए। इसी दौरान ठाकुरपुर गांव निवासी रामनेवाज का पुत्र कुनाल (लगभग 12 वर्ष) संतुलन बिगड़ने से ऊंचाई से सीधे जमीन पर आ गिरा। गिरते ही वह गंभीर रूप से घायल हो गया।
      घटना के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई। आसपास मौजूद ग्रामीण तुरंत दौड़कर पहुंचे और घायल बच्चे को उठाकर उसके परिजनों को सूचना दी। परिजन आनन-फानन में उसे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र महराजगंज ले गए, जहां प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सकों ने उसकी हालत गंभीर देखते हुए जिला अस्पताल रेफर कर दिया।
       जिला अस्पताल में भी चिकित्सकों के प्रयासों के बावजूद किशोर की स्थिति में सुधार नहीं हो सका और इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। इस घटना से पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है।
       ग्रामीणों के अनुसार, उक्त पानी की टंकी का निर्माण कार्य पिछले तीन वर्षों से अत्यंत धीमी गति से चल रहा है। कई बार ग्रामीणों ने निर्माण कार्य को शीघ्र पूर्ण कराने और स्थल पर सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग उठाई थी। इसके बावजूद न तो निर्माण कार्य में तेजी लाई गई और न ही पर्याप्त सुरक्षा उपाय किए गए।
      बताया जा रहा है कि, निर्माण स्थल पर एक चौकीदार की ड्यूटी भी लगाई गई है, लेकिन उसकी मौजूदगी के बावजूद बच्चे आसानी से टंकी पर चढ़ गए, जो सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
      ग्रामीणों ने इस घटना के लिए कार्यदाई संस्था और ठेकेदार की लापरवाही को जिम्मेदार ठहराते हुए दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि, यदि समय रहते सुरक्षा के उचित इंतजाम किए गए होते, तो एक मासूम की जान बचाई जा सकती थी।