रजनीकांत अवस्थी
रायबरेली: चैत्र नवरात्रि के पावन अवसर पर संकटमोचन धाम स्थित हनुमंत वाटिका में निर्माणाधीन वेदमाता गायत्री मंदिर प्रांगण में पाँच कुण्डीय गायत्री महायज्ञ का भव्य एवं दिव्य आयोजन संपन्न हुआ। इस धार्मिक अनुष्ठान ने पूरे क्षेत्र को आध्यात्मिक ऊर्जा, श्रद्धा और भक्ति के रंग में सराबोर कर दिया।
      आपको बता दें कि, यज्ञ का विधिवत एवं सुव्यवस्थित संचालन आचार्य मनोराम शुक्ल एवं रामचंद्र के मार्गदर्शन में, हनुमंत वाटिका के पुजारी श्री सीताराम जी द्वारा किया गया। वैदिक मंत्रोच्चार, हवन की पवित्र आहुतियों और श्रद्धालुओं की सामूहिक सहभागिता से वातावरण अत्यंत दिव्य एवं सकारात्मक ऊर्जा से परिपूर्ण हो उठा।
      यज्ञ में बड़ी संख्या में श्रद्धालु भाई-बहनों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। हर ओर "स्वाहा" की गूंज और वेद मंत्रों की ध्वनि ने आध्यात्मिक चेतना का संचार किया। अनुष्ठान के दौरान विश्व शांति, मानव कल्याण, सुख-समृद्धि और सकारात्मक ऊर्जा के प्रसार का संकल्प लिया गया।
यज्ञ उपरांत कन्या भोज एवं विशाल भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण कर पुण्य लाभ अर्जित किया। कन्याओं का पूजन कर उन्हें देवी स्वरूप मानकर सम्मानित किया गया, जो भारतीय संस्कृति की महान परंपरा का प्रतीक है।
     इस पावन अवसर पर रिटायर्ड डीआईजी डॉ. तहसीलदार सिंह, बलवंत त्रिवेदी, मनोज मिश्र, प्रमोद सिंह, रेनू टंडन, शारदा शुक्ला, ऊषा यादव, ऊषा गुप्ता, महिमा शर्मा, राकेश सिंह, हरिनाथ सेंगर, डी.बी. सिंह, विनोद कुमार बाजपेई सहित अनेक गणमान्य व्यक्तियों की गरिमामयी उपस्थिति रही।
     समग्र आयोजन ने उपस्थित जनसमूह के हृदय में शांति, श्रद्धा और नवचेतना का संचार किया। इस प्रकार का धार्मिक अनुष्ठान न केवल आध्यात्मिक उन्नति का माध्यम है, बल्कि समाज में एकता, सद्भाव और सकारात्मकता को भी सुदृढ़ करता है।